Smart Meter Benefits: उत्तर प्रदेश के बिजली उपभोक्ताओं के लिए एक राहत भरी खबर सामने आई है. अब जब घरों में पुराने बिजली मीटर हटाकर स्मार्ट मीटर लगाए जाएंगे, तो उपभोक्ताओं को कोई अलग से खर्च नहीं करना पड़ेगा. पहले उपभोक्ताओं को सर्विस केबल (आर्मर्ड केबल) खुद खरीदनी पड़ती थी. लेकिन अब यह बिजली विभाग द्वारा मुफ्त में उपलब्ध कराई जाएगी.
मुख्य अभियंता रवि कुमार अग्रवाल (लखनऊ मध्य जोन) और रजत जुनेजा (अमौसी जोन) ने जानकारी दी कि जल्द ही स्मार्ट मीटर लगाने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी और इसे पूरी तरह निशुल्क रखा जाएगा.
40 मीटर तक की केबल मुफ्त
नई व्यवस्था के तहत अब सर्विस पोल से घर तक की बिजली लाइन में अधिकतम 40 मीटर तक की आर्मर्ड केबल बिजली विभाग खुद लगाएगा. उपभोक्ताओं को इसके लिए एक भी रुपये खर्च करने की जरूरत नहीं है. यदि कोई ठेकेदार या कर्मचारी केबल के नाम पर पैसे की मांग करता है, तो उपभोक्ता 1912 हेल्पलाइन नंबर पर शिकायत कर सकते हैं या नजदीकी अवर अभियंता से संपर्क करें.
आर्मर्ड केबल
आर्मर्ड केबल सामान्य केबल की तुलना में कई गुना मोटी और मजबूत होती है. यह इतनी मजबूत होती है कि इसे आसानी से काटना या छेड़छाड़ करना संभव नहीं है. इससे बिजली चोरी और फाल्ट की संभावना भी कम होगी. यह केबल पूरी सुरक्षा के साथ बिजली आपूर्ति को सुनिश्चित करेगी और उपभोक्ताओं को भविष्य में मेंटेनेंस की झंझट से भी मुक्ति मिलेगी.
स्मार्ट मीटर के फायदे
स्मार्ट मीटर तकनीक के आने से बिजली उपभोक्ताओं को कई सुविधाएं मिलने जा रही हैं. इस मीटर को प्रीपेड, पोस्टपेड या नेट मीटरिंग मोड में बदला जा सकता है. इसका सबसे बड़ा फायदा यह होगा कि अब मीटर रीडिंग के लिए किसी कर्मी के आने की जरूरत नहीं होगी. उपभोक्ता खुद ऑनलाइन ऐप या पोर्टल से अपनी खपत और बिल की जानकारी देख सकेंगे. इसके अलावा यदि कोई उपभोक्ता सोलर पैनल लगवाता है, तो वही स्मार्ट मीटर नेट मीटरिंग के रूप में भी काम करेगा. जिससे अतिरिक्त बिजली को ग्रिड में भेजा जा सकेगा और उपभोक्ता को क्रेडिट मिल सकेगा.
अभियंताओं को निर्देश
बिजली विभाग ने अपने अधिकारियों को निर्देशित किया है कि वे कार्यालय छोड़ने के बाद सीधे घर न जाएं. बल्कि रास्ते में बिजली उपकेंद्रों का निरीक्षण करें. मुख्य अभियंता ने कहा कि इससे यह पता लगाया जा सकेगा कि शाम को किस अभियंता या कर्मी की ड्यूटी में लापरवाही हो रही है. साथ ही इससे स्थानीय स्तर पर बिजली आपूर्ति की स्थिति का भी आकलन होगा. इस दिशा में अधिशासी अभियंताओं को विशेष रूप से जिम्मेदार बनाया गया है ताकि बिजली की गुणवत्ता और उपलब्धता में सुधार लाया जा सके.
बिजली गुल होने की घटनाएं बढ़ीं
पिछले कुछ दिनों में लखनऊ के कई इलाकों में बिजली आपूर्ति बाधित हुई.
- पयागीपुर में आर्य इंटर प्राइजेज की केबल खराब होने से शनिवार को तीन घंटे तक बिजली गुल रही.
- गभड़िया में शुक्रवार रात ट्रांसफार्मर केबल खराब होने से बड़ी संख्या में उपभोक्ताओं को परेशानी हुई.
- हनुमंतनगर मुहल्ला में दिन में चार बार बिजली की कटौती हुई और लोगों को घंटों इंतजार करना पड़ा.
इन सभी क्षेत्रों में बिजली फाल्ट की घटनाएं बढ़ी हैं. जिसे लेकर उपभोक्ताओं में नाराजगी भी देखी गई. अधिशासी अभियंता पवन कुमार ने बताया कि सभी स्थानों पर फाल्ट को दूर कर आपूर्ति बहाल कर दी गई है.